Chandigarh New Excise Policy : चंडीगढ़ के A कैटेगरी के होटलों में अब 24 घंटे शराब मिलेगी। यह सुविधा कैटेगरी B व C के होटलों में भी मिल सकती है लेकिन इसके लिए उन्हें 30 लाख रुपए की एनुअल लाइसेंस फीस देनी होगी।
इन होटलों के कमरों में मिनी बार भी बनाया जा सकता है। चंडीगढ़ प्रशासन की तरफ से 2026-27 के लिए बनाई एक्साइज पॉलिसी में यह व्यवस्था की गई है। Chandigarh News
इसके अलावा बार अब सुबह 11 बजे से रात 1 बजे तक खुला रहेगा। हालांकि 12 बजे के बाद ऑर्डर नहीं लिया जा सकता। हां, अगर कोई क्लब, बार या रेस्टोरेंट में देर रात तक शराब परोसना चाहता है तो 8 लाख रुपए देकर रात 3 बजे तक शराब परोस सकता है। हालांकि आखिरी ऑर्डर रात 2 बजे तक ही लिया जाएगा।
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शराब बिक्री के लाइसेंस, बार संचालन, भुगतान प्रणाली और सुरक्षा मानकों को लेकर नई शर्तें लागू की गई हैं। नई एक्साइज पॉलिसी के तहत गांव पलसोरा का शराब ठेका सबसे महंगा रखा गया है। आबकारी विभाग ने इसका रिजर्व प्राइस 11 करोड़ 41 लाख 9 हजार 803 रुपये तय किया है। वहीं सेक्टर-41 मार्केट का शराब ठेका सबसे सस्ता है, जिसका रिजर्व प्राइस 1 करोड़ 93 लाख रुपये रखा गया है।
बार लाइसेंस के लिए तय नियम (chandigarh new excise policy)
नई नीति के तहत होटल और रेस्टोरेंट संचालन शुरू करने से पहले एल-3, एल-4, एल-5, एल-3ए, एल-4ए, एल-10ए और एल-10एए फॉर्म में बार लाइसेंस के लिए आवेदन कर सकेंगे। हालांकि लाइसेंस तभी जारी होगा जब होटल या रेस्टोरेंट का संचालन वास्तव में शुरू हो जाएगा। एल-3, एल-4 और एल-5 लाइसेंसधारक बार लाइसेंस मिलने के 15 दिन बाद माइक्रो-ब्रुअरी लाइसेंस के लिए आवेदन कर सकेंगे।
बार और पब में अल्कोमीटर अनिवार्य
नई नीति के अनुसार होटल, बार, रेस्टोरेंट और पब में शराब परोसने वाले लाइसेंसधारकों के लिए अल्कोमीटर की सुविधा अनिवार्य होगी। इसके अलावा शराब तस्करी रोकने के लिए CCTV सर्विलेंस बढ़ाने को कहा गया है।
अतिरिक्त बार खोलने की अनुमति
बार लाइसेंसधारक अपने परिसर में एक अतिरिक्त बार खोल सकेंगे। इसके लिए मूल लाइसेंस फीस का 75 प्रतिशत अतिरिक्त शुल्क देना होगा। यदि परिसर से अलग किसी स्थान पर शराब परोसनी हो तो लाइसेंस फीस का 25 प्रतिशत शुल्क देना होगा।
पॉलिसी में लाइसेंस होल्डर को अब अपने क्लब, रेस्टोरेंट या होटल में एक्स्ट्रा बार भी खोल सकता है। इसके लिए मूल लाइसेंस फीस का 75% अतिरिक्त फीस देनी होगी। किसी दूसरी जगह पर शराब परोसने के लिए 25% एक्स्ट्रा फीस लगेगी। chandigarh excise policy
डिपार्टमेंटल स्टोर में भी बिक सकेगी शराब
New Excise Policy में एल-10बी लाइसेंस को दोबारा शुरू किया गया है। इसके तहत अब बड़े डिपार्टमेंटल स्टोर्स में भी शराब की बिक्री की जा सकेगी। प्रशासन का कहना है कि इससे महिलाओं, वरिष्ठ नागरिकों और अन्य ग्राहकों को सुविधा मिलेगी।
टेवर्न की पक्की दीवार जरूरी, 8 टेबल होने चाहिए: नई नीति में टेवर्न के संचालन के लिए भी सख्त मानक तय किए गए हैं। टेवर्न खुले स्थान पर संचालित नहीं किए जा सकेंगे। इनके चारों ओर पक्की दीवार और कंक्रीट की छत होनी जरूरी होगी। इसके साथ ही कम से कम 8 टेबल और 40 लोगों के बैठने की व्यवस्था जरूरी होगी।
शराब खरीद का बिल देना अनिवार्य, डिजिटल पेमेंट सुविधा हो: नई एक्साइज पॉलिसी के तहत सभी शराब विक्रेताओं के लिए हर बिक्री पर बिल जारी करना अनिवार्य होगा। इसके साथ ही नकद के अलावा पीओएस मशीन के माध्यम से डिजिटल भुगतान की सुविधा भी उपलब्ध करानी होगी। नियम का उल्लंघन करने पर प्रति घटना 5000 रुपए का जुर्माना लगाया जाएगा।
लाइसेंस फीस जमा न की तो ठेका सील होगा: यदि कोई लाइसेंसधारी समय पर लाइसेंस फीस जमा नहीं करता है तो आबकारी विभाग उसका ठेका सील कर सकता है। इसके अलावा उसके अन्य ठेके भी रद्द किए जा सकते हैं। देरी से भुगतान करने पर 1.5 प्रतिशत मासिक ब्याज भी देना होगा।
97 ठेकों की कीमत 454 करोड़ रुपए: चंडीगढ़ एक्साइज विभाग इस बार 97 ठेकों के लाइसेंस जारी करेगा। इन सबकी रिजर्व प्राइज 454 करोड़ रुपए है। पिछली बार के मुकाबले सभी ठेकों की रिजर्व प्राइज में 10 करोड़ की बढोतरी की गई है। इनमें 40 ठेके ऐसे हैं, जिनकी रिजर्व प्राइज 5 करोड़ रुपए से ज्यादा है।
शराब-बीयर 2% महंगी हुई
नई एक्साइज पॉलिसी के बाद नए शराब ठेकों में शराब और बीयर की कीमतों में करीब 2% तक बढ़ोतरी की गई है। हालांकि इंपोर्टेड शराब, वाइन और बीयर की कीमतों में कोई बदलाव नहीं किया गया है। यह नई नीति 1 अप्रैल 2026 से लागू होगी और 31 मार्च 2027 तक प्रभावी रहेगी।
पॉलिसी लागू होने के बाद अब 500 रुपए की बोतल करीब 10 रुपए महंगी हो जाएगी, जबकि 2000 रुपए की बोतल अब करीब 40 रुपए बढ़कर 2040 रुपए में मिलेगी। वहीं अब डिपार्टमेंटल स्टोर में भी शराब की बिक्री होगी। प्रशासन का तर्क है कि यह बढ़ोतरी महंगाई और कच्चे माल की बढ़ती लागत को ध्यान में रखते हुए की गई है।
काउ सेस बरकरार रहेगा
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि गौ सेस पहले की तरह ही जारी रहेगा। इसके तहत 750 मिलीलीटर देशी शराब की बोतल पर 50 पैसे, 650 मिलीलीटर बीयर पर 50 पैसे और 700 या 750 मिलीलीटर व्हिस्की की बोतल पर 1 रुपये गौ सेस लगाया जाएगा।

