Kanpur News: मकसूदाबाद में फर्जी पट्टे की आड़ में अरबों की 110 बीघा सरकारी जमीन का फर्जीवाड़ा करने वालों को तगड़ा झटका लगा है।
हाईकोर्ट के आदेश पर एसडीएम सदर ने 80 लोगों की आपत्तियों की सुनवाई करने के बाद जमीन को वापस सरकार के खाते में दर्ज करने का आदेश जारी कर दिया है।
आपत्ति करने वाले जमीन का मालिकाना हक साबित नहीं कर सके। ऐसे में इस कार्रवाई को यहां रहने वाले पांच हजार लोगों और जमीन खरीदने वाले बिल्डरों के लिए बड़ा झटका माना जा रहा है।
मकसूदाबाद की 110 बीघा जमीन पर बड़े पैमाने पर अवैध कब्जे हो गए हैं। 2022 में तहसीलदार सदर की संस्तुति पर एसडीएम सदर ने जमीन को सरकार के नाम पर दर्ज किया था। इसके विरोध में करीब 80 से ज्यादा लोग हाईकोर्ट चले गए थे। हाईकोर्ट ने पुराने आदेश को निरस्त करके SDM सदर को याचिकाकर्ता का पक्ष सुनकर फैसले देने का आदेश दिया था।
इस पर एसडीएम सदर ने सभी याचिकाकर्ताओं की कई महीनों तक सुनवाई की। सभी को सुनकर अपना पक्ष रखने का मौका दिया। हालांकि यहां काबिज लोग कब्जा और विक्रय पत्र, पट्टे का कोई साक्ष्य नहीं पेश कर सके। ऐसे में उनकी अर्जी को खारिज कर दिया गया।

