Kerala New Name : केंद्र सरकार की कैबिनेट बैठक में मंगलवार (24 फरवरी 2026) को महत्वपूर्ण निर्णय लिया गया है. जिसके बाद Kerala राज्य का आधिकारिक नाम ‘केरल’ की जगह ‘केरलम’ (Keralam) होगा.
यह फैसला राज्य सरकार की सिफारिश के आधार पर लिया गया, जिसमें स्थानीय भाषा और सांस्कृतिक पहचान को ध्यान में रखते हुए नाम बदलने की मांग की गई थी. सरकार ने कहा है कि नाम बदलने से राज्य की पहचान और सांस्कृतिक विरासत को वैश्विक स्तर पर मजबूत करने में मदद मिलेगी.
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कैबिनेट की मंजूरी के बाद अब प्रशासनिक दस्तावेजों, सरकारी रिकॉर्ड और आधिकारिक संचार में धीरे-धीरे नए नाम का इस्तेमाल शुरू किया जाएगा. माना जा रहा है कि नया नाम राज्य की ऐतिहासिक और पारंपरिक पहचान को बेहतर तरीके से दर्शाता है.
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नाम बदलने की चर्चा क्यों शुरू हुई?
मलयालम भाषा में राज्य का नाम हमेशा “केरलम” ही बोला जाता रहा है, जबकि अंग्रेजी और आधिकारिक दस्तावेजों में “Kerala” इस्तेमाल होता है. इसी अंतर को खत्म करने के लिए राज्य सरकार ने नाम बदलने का प्रस्ताव रखा.
विधानसभा में क्या हुआ?
2023: मुख्यमंत्री पिनाराई विजयन की अगुवाई में केरल विधानसभा ने सर्वसम्मति से प्रस्ताव पास किया कि संविधान की पहली अनुसूची में “Kerala” की जगह “Keralam” लिखा जाए.
2024: इस मांग को फिर से दोहराया गया और केंद्र सरकार को भेजा गया.
क्या है “केरलम”?
“केरलम” (കേരളം) मलयालम भाषा में केरल राज्य का पारंपरिक और स्थानीय नाम है. राज्य के लोग अपने रोज़मर्रा के इस्तेमाल में इसी शब्द का प्रयोग करते हैं. यह नाम सदियों पुराने इतिहास और संस्कृति से जुड़ा माना जाता है.
“केरलम” शब्द का मतलब क्या है?
इस नाम की उत्पत्ति को लेकर दो प्रमुख मान्यताएं मानी जाती हैं:
“केरा” + “अलम”:
मलयालम में “केरा” का मतलब नारियल का पेड़ और “अलम” का अर्थ भूमि या क्षेत्र होता है. यानी “नारियल के पेड़ों की भूमि”.
चेरा राजवंश से संबंध:
इतिहासकारों के मुताबिक यह नाम प्राचीन चेरा साम्राज्य (Cheram) से भी जुड़ा है, जो दक्षिण भारत का एक प्रमुख राजवंश था.
इतिहास में भी इसका जिक्र मिलता है. माना जाता है कि सम्राट अशोक के शिलालेखों में “केरलपुत्र” नाम का उल्लेख हुआ था, जो इस क्षेत्र की प्राचीन पहचान को दिखाता है.
नाम बदलने के पीछे मुख्य कारण क्या हैं?
मलयालम भाषा और स्थानीय पहचान को मजबूत करना.
राज्य के मूल और ऐतिहासिक नाम को आधिकारिक दर्जा दिलाना.
1956 में भाषाई आधार पर राज्य गठन की भावना के अनुरूप बदलाव करना.
आसान भाषा में समझें
सीधी बात यह है कि “केरलम” कोई नया नाम नहीं है, बल्कि वही नाम है जो स्थानीय लोग सदियों से बोलते आए हैं. अब कोशिश यह है कि वही पारंपरिक नाम आधिकारिक दस्तावेजों में भी दिखाई दे.
क्या नाम आधिकारिक तौर पर बदल गया है? Kerala to Keralam फिलहाल, भारत सरकार की तरफ से आधिकारिक बदलाव की प्रक्रिया पूरी होना बाकी है. यानी अभी राज्य का आधिकारिक अंग्रेजी नाम “Kerala” ही है. नाम बदलने के लिए केंद्र सरकार और संवैधानिक प्रक्रिया पूरी होना जरूरी होती है.

