KANPUR BIG NEWS : आपने ने जो कुत्ते काटे का एंटी-रेबीज वैक्सीन लगवाया है, वह नकली भी हो सकता है। कानपुर का औषधि विभाग (Drug Department) सुप्त अवस्था में चल रहा है।
दिल्ली में पकड़ी गई नकली एंटी रेबीज वैक्सीन (एआरवी) कानपुर से ही भेजी थी
नकली एंटी रेबीज (anti-rabies vaccine) के इंजेक्शन दूसरे जिलों में धडल्ले से बेचे जा रहे, लेकिन यहां के अफसरों को भनक तक नहीं लगी। दिल्ली में पकड़ी गई नकली एंटी रेबीज के इंजेक्शन वैक्सीन (एआरवी) कानपुर से ही भेजे जाने की पुष्टि होने के बाद भी सिर्फ खानापूर्ति में लगा है। अब दोनों ड्रग इंस्पेक्टर दोनों एजेंसियों के बिलों में उलझ गए हैं।
आलम यह है कि तीन बाद भी यह बिलों की खरीद और बिक्री के मिलान और दवा कहां गई इसपर ही तकरार हो रही। देर रात दोनों एजेंसी मालिकों के खिलाफ थाने में तहरीर दी गई है।
एडीएम सिटी सौरभ सिंह ने बताया कि नकली एंटी रेबीज वैक्सीन को लेकर दो एजेंसियों की भूमिका संदिग्ध मिली है। दोनों एजेंसियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज का आदेश दिया है।
शनिवार को ड्रग इंस्पेक्टर ओमपाल सिंह और देवयानी दुबे ने बिरहाना रोड स्थित बलजीत कौर पत्नी राजेंद्र सिंह के न्यू आरजे एजेंसी और तरनदीप सिंह की एक्सप्रेस रोड स्थित एलेक्जर क्योर एजेंसी की जांच पड़ताल की।
कई घंटे तक दोनों एजेंसियों की ओर से दिए गए बिलों की जांच की गई तो ड्रग इंस्पेक्टर के होश उड़ गए। न्यू आरजे एजेंसी ने जिस बिल पर एलेक्जर क्योर एजेंसी से एंटी रेबीज वैक्सीन खरीदना दिखाया है। उसी बिल पर एलेक्जर क्योर एजेंसी ने न्यू आरजे एजेंसी को दूसरी वैक्सीन बेचना दिखाया है। उस बिल पर एंटी रेबीज वैक्सीन बेची नहीं गई, जबकि न्यू आरजे एजेंसी उसी बिल पर खरीदना दिखा रहा है। ऐसे किए गए हेरफेर और कमियों को देखकर ड्रग विभाग के अफसर अचम्भित हैं।

