Brinjal side effects: बैंगन सब्जी हो या भर्ता या फिर चोखा, हर एक रूप में इसका स्वाद लाजवाब होता है। बैंगन को एग प्लांट (Egg Plant) या ओबेरजिन नाम से भी जाना जाता है।
बैंगनी के अलावा यह हरे व सफेद रंगों में भी मिलता है। अलग-अलग रंग, रूप और आकार वाला बैंगन कई सारे गुणों से भरपूर होता है। जिसकी हमारी शरीर को आवश्यकता होती है लेकिन कुछ खास बीमारियों में इसका सेवन फायदे की जगह नुकसान पहुंचा सकता है, तो इसके बारे में जान लेना है जरूरी।
बैंगन में मौजूद पोषक तत्व
बैंगन का रंग उसमें पाए जाने वाले नेसुनिन नामक पर्पल एंथोसायनिन के कारण होता है, जो एक बहुत ही अच्छा एंटीऑक्सीडेंट होता है। जो सबसे ज्यादा बैंगन में ही पाया जाता है।
बैंगन में कई विटामिन्स और मिनरल्स भी मौजूद होते हैं। इसमें विटामिन C, K, विटामिन B1, B3, B6 और मैग्नीशियम, फास्फोरस, कैल्शियम, सोडियम, कॉपर, पोटैशियम, मैगनीज़, जिंक जैसे तत्व पाए जाते हैं।
बैंगन में एक दूसरा फायदेमंद एंटीऑक्सीडेंट क्लोरोजेनिक एसिड (chlorogenic acid) होता है। जो डायबिटीज और कैंसर जैसी बीमारियों के होने की संभावनाओं को कम करता है। इसके साथ ही यह तत्व वजन कम करने से लेकर ब्लड प्रेशर को नॉर्मल रखने और मूड को भी अच्छा रखता है।
इन लोगों को नहीं करना चाहिए बैंगन का सेवन
बैंगन में ओक्जेलेट पाया जाता है। जिसकी वजह से कैल्शियम का अवशोषण कम होता है, जो हड्डियों के लिए सही नहीं। तो अगर आपकी हड्डियां पहले से ही कमजोर हैं, तो सीमित मात्रा में ही इसका सेवन करें।
अगर आपको एनीमिया यानी खून की कमी की शिकायत रहती है, तो आपको भी बैंगन का सेवन नहीं करना चाहिए।
किडनी स्टोन की प्रॉब्लम से जूझ रहे मरीजों को भी बैंगन का सेवन नहीं करना चाहिए।
बैंगन के ज्यादा मात्रा में सेवन से पेट दर्द, उल्टी, सिरदर्द, खुजली या जोड़ों में दर्द की समस्या भी हो सकती है।
इसके साथ ही नकसीर या खुनी बवासीर की समस्या से जूझ रहे मरीजों के लिए भी इसका सेवन नुकसानदायक होता है।
आर्थराइटिस की प्रॉब्लम है, तो आपको भी बैंगन का सेवन नहीं करना है।

